वाराणसी, 7 अक्टूबर 2026। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के दक्षिणी परिसर में नव प्रवेशित विद्यार्थियों के स्वागत और उन्हें विश्वविद्यालय के शैक्षणिक एवं परिसर जीवन से परिचित कराने के उद्देश्य से तीन दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम का बुधवार को शुभारंभ हुआ। यह कार्यक्रम 7 से 9 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किया जा रहा है। उद्घाटन समारोह की शुरुआत विश्वविद्यालय के संस्थापक महामना पंडित मदन मोहन मालवीय के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुई। इसके बाद विश्वविद्यालय के कुलगीत की प्रस्तुति की गई।
कार्यक्रम में आर.जी.एस.सी. के प्रोफेसर इंचार्ज प्रो. बी.एम.एन. कुमार ने औपचारिक स्वागत संबोधन दिया। उन्होंने समारोह में उपस्थित अतिथियों, संकाय सदस्यों और नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत किया। उन्होंने विद्यार्थियों को आर.जी.एस.सी. के इतिहास के साथ-साथ परिसर में उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं और संसाधनों की जानकारी दी।
प्रो. कुमार ने विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ परिसर जीवन में सक्रिय भागीदारी करने और दोनों के बीच संतुलन बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने विद्यार्थियों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं और नए विचारों के लिए वे हमेशा उपलब्ध रहेंगे। उन्होंने विद्यार्थियों को जरूरत पड़ने पर बेझिझक संपर्क करने के लिए प्रेरित किया।
इसके बाद प्रो. रंजन कुमार सिंह, अधिष्ठाता, छात्र कल्याण, बीएचयू ने छात्र कल्याण सुविधाओं और सहायता सेवाओं पर विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने विद्यार्थियों को स्वास्थ्य एवं परामर्श सेवाओं, छात्रवृत्ति, छात्रावास, खेलकूद, कैरियर सहायता, शिकायत निवारण व्यवस्था, एंटी-रैगिंग व्यवस्था, छात्र सुरक्षा और पाठ्येतर गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय की ये सुविधाएं विद्यार्थियों के समग्र कल्याण और व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

कार्यक्रम में प्रो. संजीव कुमार सिंह, प्राचार्य, विंध्यवासिनी मेडिकल कॉलेज, मिर्जापुर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि प्रो. रंजन कुमार सिंह विशिष्ट अतिथि रहे।
मुख्य अतिथि प्रो. संजीव कुमार सिंह ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों को बीएचयू में प्रवेश मिलने पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में प्रवेश के साथ विद्यार्थी जीवन के एक नए और महत्वपूर्ण चरण में प्रवेश कर चुके हैं। अब उन्हें घर की सुरक्षित सीमाओं से बाहर निकलकर स्वतंत्र जीवन में कई महत्वपूर्ण निर्णय लेने होंगे।
उन्होंने विद्यार्थियों को स्वयं का मार्गदर्शक और संरक्षक बनने की सलाह दी। साथ ही उन्होंने स्वस्थ एवं सक्रिय जीवनशैली अपनाने और पढ़ाई से ध्यान भटकाने वाले अनावश्यक तत्वों से दूरी बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने विद्यार्थियों से अपनी स्वतंत्रता का विवेकपूर्ण इस्तेमाल करने और भविष्य को ध्यान में रखकर निर्णय लेने की अपील की।
अपने संबोधन में प्रो. सिंह ने महिला सशक्तिकरण को भी महत्वपूर्ण विषय बताया। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य के प्रति जागरूक रहने, आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने और उपलब्ध अवसरों का सकारात्मक उपयोग करने के लिए प्रेरित किया।
तीन दिवसीय यह अभिमुखीकरण कार्यक्रम नवप्रवेशी विद्यार्थियों को बीएचयू की शैक्षणिक व्यवस्था, छात्र सुविधाओं, सुरक्षा एवं परिसर संस्कृति से परिचित कराने के साथ उनके नए शैक्षणिक जीवन की मजबूत शुरुआत के लिए महत्वपूर्ण मंच प्रदान करेगा।
