वॉशिंगटन/नई दिल्ली: अमेरिकी सिंगर मैरी मिलबेन ने भारत की राजनीति और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोध से जुड़े एक मामले में गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया है कि अमेरिका के कुछ दानदाता कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और उससे जुड़े विरोध प्रदर्शनों को आर्थिक सहायता दे रहे हैं। मैरी मिलबेन के मुताबिक, इस कथित फंडिंग का इस्तेमाल प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व का विरोध करने और भारत की शासन व्यवस्था को प्रभावित करने के लिए किया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं हुई है।
मैरी मिलबेन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए CJP से जुड़े अभिजीत दिपके को भी टैग किया। उन्होंने भारत के युवाओं से अपील की कि वे देश के राजनीतिक भविष्य को लेकर अपनी आवाज उठाएं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में एकजुट हों।

CJP पर अमेरिकी फंडिंग का आरोप
मैरी मिलबेन ने अपने पोस्ट में भारतीय युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि यह चुप रहने का समय नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि CJP को ऐसे अमेरिकी डोनर्स से आर्थिक सहायता मिल रही है, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके नेतृत्व का विरोध करते हैं।
उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के राजनीतिक अनुभव और उनके लगातार तीन बार प्रधानमंत्री चुने जाने का उल्लेख करते हुए उनके नेतृत्व का समर्थन किया। मिलबेन ने यह भी कहा कि भारत के युवाओं को ऐसी कथित गतिविधियों से डरने के बजाय लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखनी चाहिए।
हालांकि, उनके बयान में कथित फंडिंग की राशि, संबंधित दानदाताओं के नाम या किसी वित्तीय दस्तावेज का विवरण नहीं दिया गया। इसलिए इन दावों को फिलहाल आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
अमेरिका पर राजनीतिक हस्तक्षेप का आरोप
मैरी मिलबेन ने अपने पोस्ट में यह भी दावा किया कि कुछ अमेरिकी दानदाता दुनिया के अलग-अलग देशों में रूढ़िवादी विचारधारा वाले नेताओं को निशाना बनाने के लिए एक जैसी रणनीति अपनाते हैं।
उनके अनुसार, इस कथित रणनीति में संबंधित देश से जुड़े विदेश में शिक्षित लोगों की पहचान करना, उन्हें अपने उद्देश्यों के लिए तैयार करना और फिर उनके माध्यम से राजनीतिक विरोध या अस्थिरता पैदा करने की कोशिश करना शामिल है।
मिलबेन ने आरोप लगाया कि इस तरह की गतिविधियां किसी देश के विकास और शासन व्यवस्था पर असर डाल सकती हैं। हालांकि, उन्होंने अपने पोस्ट में इन दावों के समर्थन में किसी विशिष्ट जांच या स्वतंत्र रूप से सत्यापित प्रमाण का उल्लेख नहीं किया।

भारतीय युवाओं से PM मोदी के समर्थन की अपील
मैरी मिलबेन ने भारतीय युवाओं से CJP की कथित विघटनकारी सोच का शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने और प्रधानमंत्री मोदी के समर्थन में एक नई आवाज उठाने की अपील की।
उन्होंने लोकतंत्र और स्वतंत्रता को बनाए रखने के लिए शांतिपूर्ण जवाबी आंदोलन की जरूरत पर जोर दिया। उनके संदेश का मुख्य उद्देश्य युवाओं को राजनीतिक रूप से सक्रिय होने और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व के समर्थन में अपनी बात रखने के लिए प्रेरित करना था।
आरोपों की पुष्टि होना अभी बाकी
मैरी मिलबेन के बयान ने विदेशी फंडिंग और भारतीय राजनीति में बाहरी प्रभाव को लेकर चर्चा शुरू की है। हालांकि, किसी संगठन को विदेशी आर्थिक सहायता मिलने और उस सहायता का इस्तेमाल राजनीतिक विरोध प्रदर्शनों के लिए किए जाने के दावे अलग-अलग हैं। दोनों की पुष्टि के लिए विश्वसनीय दस्तावेज और स्वतंत्र जांच जरूरी हैं।
फिलहाल, उपलब्ध जानकारी के आधार पर CJP और अभिजीत दिपके के खिलाफ लगाए गए आरोपों को प्रमाणित तथ्य नहीं माना जा सकता। संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया, वित्तीय रिकॉर्ड या किसी आधिकारिक जांच से जुड़े विवरण सामने आने पर ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
